बरेली : अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय विजेंद्र त्रिपाठी की अदालत ने सरकारी आवास में हवलदार की पत्नी की हत्या के मामले में सेना के जवान को दोषी करार दिया है। कोर्ट ने सेना में दोषी जवान को उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ ही 22 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। दोषी सेना के जवान को शक था कि उसकी पत्नी का हवलदार से अवैध संबंध है। इसी बात को लेकर उसके और हवलदार की पत्नी के बीच कहासुनी हुई थी। इसमें सेना के जवान ने धारदार हथियार से हमला कर हवलदार की पत्नी की हत्या कर दी।
![]()
जानकारी के अनुसार, बरेली कैंट थाना क्षेत्र में सेना का कैंप है। वहां सेना के इलाके में सरकारी आवास भी बने हुए हैं। वहीं, सेना में हवलदार मनोज अपने परिवार के साथ आवास में रहता था। हवलदार मनोज के आवास के पास ही सेना का जवान नितीश पांडेय भी रहता था। सेना के जवान नीतीश पांडेय को शक था कि उसकी पत्नी का हवलदार मनोज से अवैध संबंध है। इसी शक को लेकर सेना का जवान नीतीश पांडेय हवलदार मनोज के आवास पर पहुंचा। वहां उसने मनोज की पत्नी से उसके पति के अवैध संबंध को लेकर बहस शुरू कर दी।
आरोप है कि इसी बहस में सेना के जवान ने हवलदार की पत्नी सुदेशना पर धारदार हथियार से हमला कर उसकी हत्या कर दी और मौके से फरार हो गया। कैंट थाने की पुलिस ने हवलदार की पत्नी की हत्या के मामले में 13 मार्च 2023 को मुकदमा दर्ज किया था। इसके बाद सेना में तैनात सिपाही नीतीश पांडेय को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। तब से मामला कोर्ट में विचाराधीन था।
आर्मी जवान को आजीवन कारावास की सजा अपर जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) हेमेंद्र कुमार गंगवार ने बताया कि 13 मार्च 2023 को आर्मी एरिया के अंदर सरकारी आवास में हवलदार की पत्नी की हत्या के मामले में सुनवाई के दौरान कुल 9 गवाह पेश किए गए। मंगलवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय विजेंद्र त्रिपाठी की कोर्ट ने आर्मी जवान नीतीश पांडेय को हत्या का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 22 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। Bareilly News

